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शिव चालीसा Shiv Chalisa | Shiva Song | Bhakti Song | Shiv Chalisa Fast - महाशिवरात्रि स्पेशल 2026 : शिव चालीसा Shiv Chalisa | Shiv Song | Shiv Bhajan | Shivratri Bhajan 2026 🔱 महाशिवरात्रि स्पेशल : शिव चालीसा 🔱 Shiv Chalisa | Shiv Song | Shiv Bhajan | Shivratri Bhajan 2026 महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर प्रस्तुत है शिव चालीसा, जो भक्तों के मन को शांति, शक्ति और भक्ति से भर देती है। 🙏 शिव चालीसा का नियमित पाठ करने से जीवन के सभी कष्ट, भय और नकारात्मकता दूर होती है और भगवान भोलेनाथ की विशेष कृपा प्राप्त होती है। इस पावन शिव भजन को सुनकर 🔹 मन को अद्भुत शांति मिलती है 🔹 दुख-कष्ट और बाधाएँ दूर होती हैं 🔹 घर-परिवार में सुख-समृद्धि आती है 🔹 शिव कृपा से जीवन सफल होता है महाशिवरात्रि 2026 पर इस शिव चालीसा का श्रवण करें और “ॐ नमः शिवाय” का जाप करते हुए भोले बाबा का आशीर्वाद पाएं। 🌸 📿 इस भजन को 👉 सुबह शिव पूजा के समय 👉 महाशिवरात्रि व्रत में 👉 ध्यान और साधना के दौरान ज़रूर सुनें और अपने जीवन को शिवमय बनाएं। 🙏 अगर आपको यह शिव चालीसा पसंद आए तो Like 👍 | Share 📲 | Comment ✍️ | Subscribe 🔔 करना न भूलें हर हर महादेव 🔱 जय भोलेनाथ #shivcharcha #shivchalisa #shivchalisawithlyrics #shivchalisabhajan #Mahashivratri2026 #ShivBhajan #NonstopShivBhajan #BholenathBhajan #ShivratriSpecial #Mahadev #HarHarMahadev #OmNamahShivay #LatestShivBhajan #ShivBhakti #Mahakal 🙏🏻🔱 Popular Shiv Bhajan 🙏🏻Popular Shiv Bhajan 🙏🏻नगर में जोगी आया NAGAR MEIN JOGI AAYA - • नगर में जोगी आया (भोले बाबा का भगवान कृष्ण... 🙏🏻 शिव चालीसा Shiv Chalisa - • शिव चालीसा Shiv Chalisa - Chetna | Powerfu... 🙏🏻रेल चले सै भोले की - • RAJESH SINGHPURIA SAWAN SPECIAL SHIV BHAJA... 🙏🏻 शिव प्रार्थना - • सुबह सवेरे की प्रार्थना - जब सारे रास्ते ब... 🙏🏻महामृत्युंजय चालीसा - Mahamrityunjaya Mantra- • महामृत्युंजय चालीसा - Mahamrityunjaya Mant... 🙏🏻महामृत्युंजय मंत्र 108 Times - • महामृत्युंजय मंत्र 108 Times | Mahamrityun... 🙏🏻Shiv Tandav Stotram - • Shiv Tandav Stotram - ORIGINAL | Most Powe... ********* ► Song Credit: ►Song - Shiv Chalisa ►Singer - Anil Amrit Rajbhar ►Music - Rajender K. Narang ►Edit - Ritik Singh ► Recording Studio: Smart Digital ( 9711868600 / 8700635937 ) ► Video, Concept & Direction: Ishan Narrang ► Production Head: Ishan Narrang ► Producer: Rajender Narang ( Vicky Narang ) ► Copyright: Supertone Digital ► सुपरटोन डिजिटल चैनल पर अपना भजन व् सांग रिलीज़ करवाने के लिए सम्पर्क करें : 08700635937 ► Mail us at : supertonedigital01@gmail.com ***************** Lyrics Shiv Chalisa ॥ दोहा ॥ जय गणेश गिरिजा सुवन, मंगल मूल सुजान । कहत अयोध्यादास तुम, देहु अभय वरदान ॥ ॥ चौपाई ॥ जय गिरिजा पति दीन दयाला । सदा करत सन्तन प्रतिपाला ॥ भाल चन्द्रमा सोहत नीके । कानन कुण्डल नागफनी के ॥ अंग गौर शिर गंग बहाये । मुण्डमाल तन क्षार लगाए ॥ वस्त्र खाल बाघम्बर सोहे । छवि को देखि नाग मन मोहे ॥ मैना मातु की हवे दुलारी । बाम अंग सोहत छवि न्यारी ॥ कर त्रिशूल सोहत छवि भारी । करत सदा शत्रुन क्षयकारी ॥ नन्दि गणेश सोहै तहँ कैसे । सागर मध्य कमल हैं जैसे ॥ कार्तिक श्याम और गणराऊ । या छवि को कहि जात न काऊ ॥ देवन जबहीं जाय पुकारा । तब ही दुख प्रभु आप निवारा ॥ किया उपद्रव तारक भारी । देवन सब मिलि तुमहिं जुहारी ॥ तुरत षडानन आप पठायउ । लवनिमेष महँ मारि गिरायउ ॥ आप जलंधर असुर संहारा । सुयश तुम्हार विदित संसारा ॥ त्रिपुरासुर सन युद्ध मचाई । सबहिं कृपा कर लीन बचाई ॥ किया तपहिं भागीरथ भारी । पुरब प्रतिज्ञा तासु पुरारी ॥ दानिन महँ तुम सम कोउ नाहीं । सेवक स्तुति करत सदाहीं ॥ वेद नाम महिमा तव गाई। अकथ अनादि भेद नहिं पाई ॥ प्रकटी उदधि मंथन में ज्वाला । जरत सुरासुर भए विहाला ॥ कीन्ही दया तहं करी सहाई । नीलकण्ठ तब नाम कहाई ॥ पूजन रामचन्द्र जब कीन्हा । जीत के लंक विभीषण दीन्हा ॥ सहस कमल में हो रहे धारी । कीन्ह परीक्षा तबहिं पुरारी ॥ एक कमल प्रभु राखेउ जोई । कमल नयन पूजन चहं सोई ॥ कठिन भक्ति देखी प्रभु शंकर । भए प्रसन्न दिए इच्छित वर ॥ जय जय जय अनन्त अविनाशी । करत कृपा सब के घटवासी ॥ दुष्ट सकल नित मोहि सतावै । भ्रमत रहौं मोहि चैन न आवै ॥ त्राहि त्राहि मैं नाथ पुकारो । येहि अवसर मोहि आन उबारो ॥ लै त्रिशूल शत्रुन को मारो । संकट से मोहि आन उबारो ॥ मात-पिता भ्राता सब होई । संकट में पूछत नहिं कोई ॥ स्वामी एक है आस तुम्हारी । आय हरहु मम संकट भारी ॥ धन निर्धन को देत सदा हीं । जो कोई जांचे सो फल पाहीं ॥ अस्तुति केहि विधि करैं तुम्हारी । क्षमहु नाथ अब चूक हमारी ॥ शंकर हो संकट के नाशन । मंगल कारण विघ्न विनाशन ॥ योगी यति मुनि ध्यान लगावैं । शारद नारद शीश नवावैं ॥ नमो नमो जय नमः शिवाय । सुर ब्रह्मादिक पार न पाय ॥ जो यह पाठ करे मन लाई । ता पर होत है शम्भु सहाई ॥ ॠनियां जो कोई हो अधिकारी । पाठ करे सो पावन हारी ॥ पुत्र हीन कर इच्छा जोई । निश्चय शिव प्रसाद तेहि होई ॥ पण्डित त्रयोदशी को लावे । ध्यान पूर्वक होम करावे ॥ त्रयोदशी व्रत करै हमेशा । ताके तन नहीं रहै कलेशा ॥ धूप दीप नैवेद्य चढ़ावे । शंकर सम्मुख पाठ सुनावे ॥ जन्म जन्म के पाप नसावे । अन्त धाम शिवपुर में पावे ॥ कहैं अयोध्यादास आस तुम्हारी । जानि सकल दुःख हरहु हमारी ॥ ॥ दोहा ॥ नित्त नेम कर प्रातः ही, पाठ करौं चालीसा । तुम मेरी मनोकामना, पूर्ण करो जगदीश ॥ मगसर छठि हेमन्त ॠतु, संवत चौसठ जान । अस्तुति चालीसा शिवहि, पूर्ण कीन कल्याण ॥