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"खोज बड़़ी संसार रे, तुम खोजो साधो..." यह वाणी श्री महामति जी के अनमोल वचनों को उजागर करती है, जहाँ उन्होंने बताया है कि इस संसार में सच्चिदानंद परब्रह्म की खोज क्यों महत्वपूर्ण है। सतगुरु की कृपा और ज्ञान से ही उस प्रियतम परब्रह्म का साक्षात्कार संभव है। इस प्रेरणादायक चर्चा में श्री राजन स्वामी जी ने गहराई से व्याख्या की है। 💡 इस वीडियो में क्या सीखेंगे? सतगुरु की खोज का महत्व सच्चिदानंद परब्रह्म तक पहुँचने का मार्ग श्री प्राणनाथ जी की वाणी का रहस्य 👉 यह वीडियो उन लोगों के लिए है जो: आध्यात्मिक ज्ञान की तलाश में हैं सतगुरु की महिमा को समझना चाहते हैं जीवन के परम सत्य को जानना चाहते हैं 🔔 ऐसे और वीडियो के लिए चैनल को सब्सक्राइब करें: [श्री प्राणनाथ जी - आध्यात्मिक ज्ञान और सत्संग की दुनिया में आपका स्वागत है!] #ShriPrannathJi #SatguruVani #SpiritualKnowledge #SatsangHindi #ShriRajanSwamiJi Go and Checkin Now - Instagram - / shriprannathji नोटः कृपया हमारे अधिकारिक युटयुब चैनल SPJIN को सब्सक्राइब जरूर करें - YouTube - / @spjin हमारे अन्य सामाजिक मीडिया जहां से आप हमसे आसानिसे जुड़ सकते हैं। Social Links (Please FOLLOW & LIKE) - Facebook: / shri.prannath.jyanpeeth Facebook : / shri.rajan.swami Website: https://www.spjin.org/ Email: shriprannathgyanpeeth@gmail.com WhatsApp: +91-7533876060 Find more about us at: https://www.spjin.org श्री प्राणनाथ ज्ञानपीठ के मुख्य उद्देश्य - ज्ञान, शिक्षा, उच्च आदर्श, पावन चरित्र व भारतीय संस्कृति का समाज में प्रचार करना तथा वैज्ञानिक सिद्धांतो पर आधारित आध्यात्मिक मूल्य द्वारा मानव को महामानव बनाना और श्री प्राणनाथ जी की ब्रम्हवाणी के द्वारा समाज में फ़ैल रही अंध-परम्पराओं को समाप्त करके सबको एक अक्षरातीत की पहचान कराना। अति महत्वपूर्ण नोट :- यह पंचभौतिक शरीर हमेशा रहने वाला नहीं है। प्रियतम परब्रह्म को पाने के लिये यह सुनहरा अवसर है। अतः बिना समय गवाएं उस अक्षरातीत पाने के लिये प्रयास करना चाहिये।