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🌙✨ 2026 में ईद के मौके पर कपड़े खरीदने के मसले पर मौलाना जरजिस अंसारी साहब का अहम बयान ✨🌙 ईद सिर्फ नए कपड़े पहनने का नाम नहीं, बल्कि दिलों को साफ करने, रिश्तों को मजबूत करने और अल्लाह की रज़ा हासिल करने का दिन है। 2026 की ईद के मौके पर मौलाना जरजिस अंसारी साहब ने अपने अहम बयान में इस बात पर खास जोर दिया कि कपड़े खरीदते वक्त इस्लामी हदों और सादगी को न भूलें। उन्होंने फरमाया कि ईद की खुशी मनाना सुन्नत है, अच्छे कपड़े पहनना भी सुन्नत है, लेकिन फिजूलखर्ची, दिखावा और कर्ज लेकर खरीदारी करना सही तरीका नहीं है। आज के दौर में लोग ब्रांड और दिखावे के पीछे भागते हैं, जबकि असली खूबसूरती तकवा और सादगी में है। मौलाना साहब ने खास तौर पर नौजवानों को नसीहत की कि फैशन के नाम पर इस्लामी लिबास और हया को नजरअंदाज न करें। बहनों को भी पर्दे और सादगी का ख्याल रखते हुए कपड़े चुनने की ताकीद की गई। ईद का असली मकसद अल्लाह का शुक्र अदा करना, गरीबों का ख्याल रखना और जरूरतमंदों को खुशी में शामिल करना है। अगर अल्लाह ने आपको माल दिया है तो पहले जकात और सदका अदा करें, फिर अपने और अपने घरवालों के लिए खरीदारी करें। याद रखिए, ईद की असली रौनक दिल की पाकीजगी और नेक नियत में है, न कि महंगे कपड़ों में। यह बयान हर मुसलमान के लिए एक पैगाम है कि 2026 की ईद सादगी, सुन्नत और इस्लामी उसूलों के मुताबिक मनाई जाए। 📿 पूरा बयान जरूर सुनें और अपने दोस्तों व घरवालों तक शेयर करें। #Eid2026 #MaulanaJarjisAnsari #EidShopping #IslamicBayan #EidKiTayyari #Sunnat #SadaGi #NoFuzoolKharchi #IslamicGuidance #EidUlFitr #MuslimUmmah #DeeniBaat #IslamicReminder #EidMubarak #JarjisAnsari #IslamicSpeech #Ramzan2026 #Takwa #Zakat #Sadaqa #HalalLifestyle #IslamicTeachings #EidVibes #DeenKiBaat #IslamicKnowledge