У нас вы можете посмотреть бесплатно “भगवद गीता अध्याय 1 | श्लोक 4–6 का गहन अर्थ | भय, अहंकार और मन की असली स्थिति” или скачать в максимальном доступном качестве, видео которое было загружено на ютуб. Для загрузки выберите вариант из формы ниже:
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भगवद् गीता – अध्याय 1 : अर्जुन विषाद योग इस वीडियो में हम समझते हैं श्लोक 4, 5 और 6 का गहरा और जीवन से जुड़ा अर्थ। इन श्लोकों में श्रीकृष्ण हमें यह दिखाते हैं कि जब मन भीतर से अस्थिर होता है, तो वह बाहर की शक्ति को गिनाने लगता है। नाम, वीरता और सामर्थ्य की सूची अक्सर आत्मविश्वास नहीं, भीतर के भय की पहचान होती है। दुर्योधन के शब्दों के माध्यम से गीता हमें मन की वही अवस्था दिखाती है जो हर मनुष्य के जीवन में आती है। 👉 यदि आप गीता को केवल पढ़ना नहीं, समझना और जीवन में उतारना चाहते हैं, तो इस चैनल को Subscribe करें। 📌 हर तीन श्लोकों के बाद हम एक ऐसा Long Video लाते हैं जिसमें श्लोकों का क्रमबद्ध और गहन अर्थ बताया जाता है। 🙏 गीता कोई कथा नहीं, मन को समझने का मार्ग है। #bhagwargeeta #jivan #krisna #motivation #trending