У нас вы можете посмотреть бесплатно जय जय लक्ष्मी माता l Laxmi Mata Bhajan l Latest Maa Laxmi Bhajan 2026 l लक्ष्मी पूजा भजन l Bhajans l или скачать в максимальном доступном качестве, видео которое было загружено на ютуб. Для загрузки выберите вариант из формы ниже:
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Laxmi puja l Laxmi Mata Bhajan l Latest Maa Laxmi Bhajan l Maa Laxmi Puja l Laxmi Mata Bhajans l Laxmi Aarti 2026 l Video Related:- इस वीडियो में हम मां लक्ष्मी की दिव्य महिमा, उनका सौंदर्य, उनकी कृपा और उनके आशीर्वाद का अलौकिक वर्णन प्रस्तुत कर रहे हैं। मां लक्ष्मी की उपस्थिति से सम्पूर्ण संसार में समृद्धि, शांति और प्रकाश फैल जाता है। अगर हमारा वीडियो आपको पसंद आए तो कृपया Like, Share और Subscribe जरूर करें। जय मां लक्ष्मी। Lyrics:- जय जय लक्ष्मी माता, जग की पालनहारी करुणा की सागर तुम, दीनों की रखवारी कमल पर विराजित माँ, शोभा अति न्यारी चरणों में शीश झुकाऊँ, हे महिमा भारी स्वर्ण आभा बिखरे माँ, रूप तेरा प्यारा धन-वैभव की देवी, तू जग का सहारा शंख-चक्र नहीं, पर शांति की धारा गृह-गृह उजियारा हो, नाम तिहारा कमल नयन माँ लक्ष्मी, ममता की मूरत तेरे बिना सूनी है, जीवन की सूरत भक्ति से जो पुकारे, पाए वह सूरत दुख-दरिद्र हर लेती, पल में तू फुरत अष्ट सिद्धि नव निधि, तेरे संग रहती सच्चे मन से माँ को, जो भी है कहती वह जन कभी न डोले, राह नहीं बहती उसकी झोली सदा ही, खुशियों से भरती दीप जले आँगन में, आई दिवाली लक्ष्मी पधारो घर में, वाणी यह निकाली मन के अंधेरे हर लो, माँ भोली-भाली जीवन की हर पीड़ा, तुमने संभाली चाँदी-सोने से बढ़कर, कृपा तिहारी सच्चा सुख देती है, ममता तुम्हारी अहंकार को हरती, शक्ति तुम्हारी सच्चे भक्त की बनती, भाग्य-सवारी पद्मासन पर शोभित, सौम्य मुस्कान देखे जो इक झलक, मिट जाए अज्ञान श्रद्धा सुमन अर्पण, लेकर पहचान कर दो जीवन मेरा, माँ कल्याण धन का नहीं अभिमान, यह तू सिखलाए सेवा, संयम, सद्भाव, जग को बताए जो तेरा गुण गाए, वह फल पाए भव-सागर से माँ, वही तर जाए माँ लक्ष्मी की महिमा, वेदों ने गाई पुराणों में तेरी, कथा समाई विष्णु वक्षस्थल की, शोभा कहलाई सृष्टि की हर चाल, तुझसे ही आई कृपा दृष्टि जब पड़ती, सूखा भी हरियाए रूठी हुई तकदीर, खुद ही मुस्काए जिस घर में बस जाए, कलह मिट जाए उस घर में हर दिन, उत्सव बन जाए लक्ष्मी नाम सुमिरन, मन को भाए लोभ-मोह की जंजीर, खुद ही कट जाए सरल हृदय जो रखे, तुझको पाए माँ की कृपा से, सब शुभ हो जाए करुणा की प्रतिमा, दया की खान तेरे चरणों में माँ, मेरा अरमान जन्म-जन्म का बंधन, कर दो आसान हर पथ पर हो तेरा, दिव्य वरदान सुख की वर्षा करती, माँ महारानी तेरी माया न्यारी, तू ही भवानी भक्तों की नैया, तूने ही तानी तेरे बिना अधूरी, कथा पुरानी माँ लक्ष्मी नमो नमः, स्वर में गूँजे तेरे नाम से ही, भाग्य है सुलझे मन की हर उलझन, पल में सुलझे जीवन राग-द्वेष से, मुक्त हो बुझें सच्चे कर्म का फल, तू ही दिलाए अधर्मी से लक्ष्मी, सदा दूर जाए नीति-पथ पर चलना, तू सिखाए मानव को मानवता, तू समझाए कमल दल समान, कोमल तेरा मन भक्तों के कष्ट हरती, पल-छिन-क्षण तेरी भक्ति में माँ, मिले जो लगन उसका जीवन बन जाए, पावन माता लक्ष्मी की जय, गगन में गूँजे धरती-अंबर तेरे, यश से साजे तेरे चरणों में माँ, शीश हम पूजे जीवन के हर रंग, तुझसे साजे अन्न-वस्त्र-धन-धान्य, तू ही देती संतोष की दौलत, तू ही देती सच्चे भक्त की झोली, तू ही भरती उसकी हर चिंता, खुद ही हरती लक्ष्मी स्तुति जो गाए, मन से माँ की कृपा बरसे, जन-जन से दुख की घटा हटे, जीवन से सुख का सूरज उगे, आँगन से माँ की महिमा अपार, शब्द न पाए जितना गाए उतना, कम ही गाए तेरी लीला न्यारी, कोई न पाए तू ही जाने माँ, तू ही बताए विनती है माँ, इतना वर देना सच्चाई की राह, सदा चलना लोभ-अहं को, दूर ही रखना हर हाल में धर्म, न छोड़ना लक्ष्मी माता की जय, मन में बस जाए हर श्वास में तेरा, नाम समाए जीवन की हर बाधा, खुद ही मिट जाए तेरी कृपा से माँ, सब शुभ हो जाए कमल चरणों में माँ, प्रेम चढ़ाऊँ अश्रु भक्ति के, आज बहाऊँ मेरी हर भूल, क्षमा कराऊँ तुझको ही माँ, हृदय बसाऊँ माँ लक्ष्मी की कृपा, अमृतधारा जीवन को कर दे, मंगल सारा अज्ञान तमस का, हो अंधियारा ज्ञान दीप से, जगमग तारा जय लक्ष्मी माता, जय जयकार तेरे नाम से हो, उद्धार दीन-दुखी का, तू आधार भव बंधन से, कर उद्धार तेरी आरती गाऊँ, सुबह-शाम मन मंदिर में बसाऊँ, तेरा नाम जीवन हो जाए, पावन धाम माँ तेरी महिमा, अति महान लक्ष्मी व्रत, पूजन, श्रद्धा भाव तेरे चरणों में माँ, सारा चाव गृहस्थ जीवन बने, सुखद स्वभाव तेरी कृपा से, मिटे हर अभाव माँ लक्ष्मी की जय, जयकार धन-धान्य का तू ही सार भक्ति में ही सच्चा, संसार तेरे बिना सब, व्यर्थ विचार अंतिम विनती, माँ स्वीकार रखना सदा हम पर, उपकार सन्मार्ग से न हटे, व्यवहार जीवन बने तेरा, उपहार जय लक्ष्मी माता, जय जयकार तेरे नाम से, मंगलाचार हर युग-युग में, तेरा विस्तार लक्ष्मी माँ को, शत-शत नमस्कार