У нас вы можете посмотреть бесплатно उत्तरप्रदेश शहरी पुनर्विकास नीति-26 लागू अब पुराने भवन तोड़कर नए आधुनिक बहुमंजिले कॉम्प्लेक्स बनायें или скачать в максимальном доступном качестве, видео которое было загружено на ютуб. Для загрузки выберите вариант из формы ниже:
Если кнопки скачивания не
загрузились
НАЖМИТЕ ЗДЕСЬ или обновите страницу
Если возникают проблемы со скачиванием видео, пожалуйста напишите в поддержку по адресу внизу
страницы.
Спасибо за использование сервиса ClipSaver.ru
उत्तर प्रदेश शहरी पुनर्विकास नीति-2026 लागू हो गयी है | अब पुराने जर्जर भवन तोड़कर नए आधुनिक बहुमंजिले कॉम्प्लेक्स बनाये जा सकते हैं | इस वीडियो में विस्तार से इस नीति के बारे में बताया गया है || उत्तर प्रदेश शहरी पुनर्विकास नीति-2026, जिसे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की कैबिनेट ने मंजूरी दी है, 25 वर्ष से अधिक पुरानी जर्जर हाउसिंग सोसाइटियों और अपार्टमेंट्स को पुनर्विकसित करने की एक प्रमुख पहल है। यह नीति सुरक्षित आवास प्रदान करने, निर्माण कार्यों में तेजी लाने और रियल एस्टेट क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए 3 साल की समय सीमा के भीतर पुनर्विकास का लक्ष्य रखती है। यह नीति एकल मकानों (single houses) पर लागू नहीं होती है। नीति की मुख्य विशेषताएं और प्रावधान (Uttar Pradesh Urban Redevelopment Policy 2026): उद्देश्य और पात्रता: 25 वर्ष से पुराने या स्ट्रक्चरल ऑडिट में असुरक्षित पाए गए ग्रुप हाउसिंग प्रोजेक्ट्स और अपार्टमेंट्स का पुनर्विकास। सहमति: किसी भी परियोजना को शुरू करने के लिए अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन (AOA) या निवासियों की कम से कम दो-तिहाई (2/3) सहमति अनिवार्य है। पुनर्विकास मॉडल: पुनर्विकास के लिए तीन मॉडल तय किए गए हैं: (1) शासकीय एजेंसी द्वारा, (2) पीपीपी मॉडल (निजी डेवलपर), और (3) सोसायटी या एसोसिएशन द्वारा स्वयं। समय सीमा: परियोजनाओं को पूरा करने के लिए 3 वर्ष का समय निर्धारित है, जिसे विशेष परिस्थितियों में 2 वर्ष तक बढ़ाया जा सकता है। रियायतें और लाभ: डेवलपर्स को विकास शुल्क में 50% की छूट और भू-उपयोग परिवर्तन में 25% की छूट मिलेगी। इसके अलावा एक्स्ट्रा FAR (फ्लोर एरिया रेशियो) भी दिया जाएगा। पुनर्वास: निर्माण के दौरान रहने वालों के लिए अस्थायी आवास या किराए की व्यवस्था की जाएगी। क्या शामिल नहीं है: यह नीति एकल आवासीय भवनों, नजूल भूमि, लीज पर ली गई भूमि और 1500 वर्ग मीटर से कम क्षेत्रफल वाले भूखंडों पर लागू नहीं होती है। इस नीति का उद्देश्य शहरों के सुनियोजित विकास को बढ़ावा देना और पुरानी संपत्तियों को आधुनिक और सुरक्षित संरचनाओं में बदलना है, जो शहरों की आर्थिक प्रगति और जीवन स्तर को सुधारने में मदद करेगा #cmyogi #governmentofuttarpardesh #urbanplanning #house #buildingconstruction #governmentorders #urbanehabilitation #urbanreform #lucknow