У нас вы можете посмотреть бесплатно लाल लंगोट वाला आया रे || или скачать в максимальном доступном качестве, видео которое было загружено на ютуб. Для загрузки выберите вариант из формы ниже:
Если кнопки скачивания не
загрузились
НАЖМИТЕ ЗДЕСЬ или обновите страницу
Если возникают проблемы со скачиванием видео, пожалуйста напишите в поддержку по адресу внизу
страницы.
Спасибо за использование сервиса ClipSaver.ru
lyrics or composer = arvindsuthar लाल लंगोट वाला आया रे जय बजरंग बली 🙏🚩 “लाल लंगोट वाला आया रे” यह भजन श्री हनुमान जी की अपार महिमा, शक्ति और भक्तवत्सल स्वरूप को समर्पित एक ऊर्जावान और भक्ति रस से ओत-प्रोत रचना है। जैसे ही यह भजन आरंभ होता है, मन में एक अद्भुत जोश, साहस और विश्वास का संचार हो जाता है। यह भजन केवल शब्दों का संगम नहीं, बल्कि हर उस भक्त की पुकार है जो संकट में अपने आराध्य बजरंगबली को स्मरण करता है। हनुमान जी को लाल लंगोट धारण किए हुए वीर, बलशाली और ब्रह्मचारी स्वरूप में दर्शाया जाता है। लाल रंग त्याग, शक्ति, तपस्या और पराक्रम का प्रतीक है। जब-जब भक्तों पर संकट आया है, तब-तब लाल लंगोट वाला संकटमोचक दौड़े चले आए हैं। यही भाव इस भजन की हर पंक्ति में झलकता है। यह भजन हमें यह स्मरण कराता है कि जहाँ राम का नाम है, वहाँ हनुमान अवश्य विराजमान हैं। कलियुग में हनुमान जी को शीघ्र प्रसन्न होने वाले देवता माना गया है। सच्चे मन से लिया गया उनका नाम, जीवन की बड़ी से बड़ी बाधा को भी दूर कर देता है। इस भजन में हनुमान जी के उसी जागृत स्वरूप का वर्णन है, जो अपने भक्तों की एक पुकार पर ही आ जाते हैं। भजन के बोलों में हनुमान जी की वीरता, भक्ति, सेवा और शक्ति का सुंदर चित्रण किया गया है। वे अंजनी माता के लाल हैं, पवनपुत्र हैं, राम के अनन्य भक्त हैं और अधर्म के विनाशक हैं। जब लाल लंगोट वाला आता है, तो डर, दुख, रोग, शोक और नकारात्मक शक्तियाँ स्वतः ही दूर भाग जाती हैं। यह भजन विशेष रूप से उन भक्तों के लिए है जो: जीवन में कठिनाइयों से जूझ रहे हैं भय, रोग या मानसिक तनाव से परेशान हैं आत्मबल और आत्मविश्वास की कमी महसूस कर रहे हैं भक्ति के मार्ग पर आगे बढ़ना चाहते हैं हनुमान जी केवल शक्ति के प्रतीक नहीं, बल्कि विनम्रता और सेवा भाव की जीवंत मिसाल भी हैं। उन्होंने कभी अपने बल का घमंड नहीं किया, बल्कि उसे प्रभु श्रीराम की सेवा में समर्पित कर दिया। यह भजन हमें भी यही सिखाता है कि अपनी शक्ति और प्रतिभा को सद्मार्ग में लगाना ही सच्ची भक्ति है। “लाल लंगोट वाला आया रे” भजन को सुनते समय ऐसा प्रतीत होता है मानो स्वयं बजरंगबली रणभूमि में गर्जना करते हुए भक्तों की रक्षा के लिए आ रहे हों। ढोल, नगाड़े और देसी अंदाज़ की धुनें इस भजन को और भी प्रभावशाली बना देती हैं। यह भजन न सिर्फ सुनने में आनंद देता है, बल्कि शरीर और मन में नई ऊर्जा का संचार करता है। इस भजन का जाप या श्रवण: मंगलवार और शनिवार को विशेष फलदायी माना जाता है हनुमान जयंती पर इसे सुनना अत्यंत शुभ होता है नियमित रूप से सुनने से भय और नकारात्मकता दूर होती है जो भक्त सच्चे मन से हनुमान जी को स्मरण करता है, उसके जीवन में कभी भी अकेलापन नहीं रहता। बजरंगबली हर कदम पर अपने भक्त की रक्षा करते हैं। यही संदेश इस भजन के माध्यम से जन-जन तक पहुँचाने का प्रयास किया गया है। आज के समय में जब इंसान चारों ओर से समस्याओं से घिरा हुआ है, तब ऐसे भजन हमें आस्था, धैर्य और साहस का मार्ग दिखाते हैं। “लाल लंगोट वाला आया रे” केवल एक भजन नहीं, बल्कि विश्वास की एक पुकार है — कि जब-जब भक्त डगमगाता है, तब-तब बजरंगबली उसका हाथ थाम लेते हैं। 🙏 जय हनुमान ज्ञान गुण सागर 🙏 जय कपीस तिहुँ लोक उजागर अगर आपको यह भजन पसंद आए तो: 👍 वीडियो को लाइक करें 🔔 चैनल को सब्सक्राइब करें 📿 अपने मित्रों और परिवारजनों के साथ शेयर करें हनुमान जी की कृपा आप सभी पर बनी रहे। जय बजरंग बली 🚩